अखिल भारतीय जाट आरक्षण संघर्ष समिति की भाईचारा रैली

अखिल भारतीय जाट आरक्षण संघर्ष समिति की भाईचारा रैली 03 सितम्बर 2017, झज्जर, अखिल भारतीय जाट आरक्षण संघर्ष समिति द्वारा आयोजित “भाईचारा रैली”-झज्जर में जुटी लाखों की संख्या में 36 बिरादरी व सभी धर्मों के लोगों को सम्बोधित करते हुऐ राष्ट्रीय अध्यक्ष यशपाल मलिक ने कहा कि दीनबन्धु सर चौ॰ छोटूराम के 126वें जन्मदिन 24 नवम्बर 2006 से जाटों को केन्द्रीय व राज्य स्तर की माँग को लेकर शुरू हुऐ आन्दोलन ने एक बहुत लम्बा सफर तय किया, जिसमें तत्कालीन सरकारों द्वारा जाट समाज के साथ रची गई साजिष के कारण जाट समाज के 21 युवाओं को अपनी शहादत देनी पड़ी और 300 से ज्यादा भाईयों को जेलों के अन्दर जाना पड़ा। 25 हजार से ज्यादा जाट भाईयों पर झूठे मुकदमें दर्ज किये गये, लेकिन आप सभी लोगों के संघर्ष के कारण और 20 मार्च 2017 को “जाट दिल्ली कूच” की तैयारियों को देखते हुऐ हरियाणा के मुख्यमन्त्री व केन्द्र सरकार द्वारा नियुक्त दो वरिष्ठ मन्त्री चौ. विरेन्द्र सिंह व  पी.पी.चौधरी की मध्यस्थता के बीच हुऐ 19 मार्च 2017 को हुऐ सभी 6 माँगों पर समझौता हुआ जिसमें से अभी तक कुछ माँगें पूरी हो चुकी हैं, यषपाल मलिक ने कहा  प्रदेष आरक्षण पर उच्च न्यायालय का फैसला आ चुका है अब यह प्रदेष सरकार की जिम्मेदारी है कि जल्द ही सभी प्रक्रिया पूरी कर जाट आरक्षण लागू करे। केन्द्र सरकार द्वारा पूर्व में गठित राष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग आयोग 1993 को भंग कर नया राष्ट्रीय सामाजिक व शैक्षणिक पिछड़ा वर्ग आयोग संविधान संषोधन विधेयक लोकसभा में पास होने के बाद राज्य सभा में कांग्रेस द्वारा उसमें संषोधन कराने पर संविधान संषोधन विधेयक का मूल रूप समाप्त हो गया। जिसको अब सरकार द्वारा अगले संसद सत्र में मूल रूप से ही पास कराया जा सकता है। 19 मार्च 2017 को हुऐ फैसले के बाद आन्दोलन को सुचारू रूप से जाग्रत रखने के लिये और अपने लोगों को माँगों के पूरी होने में आ रही अड़चन व उसको दूर करने में होने वाली परेषानियों से अवगत करने के लिये निरन्तर जिला व हल्का स्तर पर रैलियों का आयोजन कर सरकार को भी यह चेताया जा रहा है कि माँगों के पूर्ण होने तक जाट समाज चैन से नहीं बैठेगा। इस अवसर पर उन्होंने “भाईचारा रैली” में आये हुऐ लोगों से कहा कि आप सब जब तक सभी माँगें पूरी होने तक संघर्ष के लिये तैयार रहें। हमने आन्दोलन माँगें पूरी होने तक स्थगित किया है, आन्दोलन बन्द नहीं किया। जिला, हल्का स्तर पर होने वाले सम्मेलन व “भाईचारा रैली” आन्दोलन का ही एक हिस्सा है। जब भी जरूरत होगी अपनी माँगों को मनवाने के लिये जाट समाज को “दिल्ली कूच” करने में भी ज्यादा समय नहीं लगेगा। इस अवसर पर समिति के राष्ट्रीय महासचिव व प्रभारी हरियाणा श्री अषोक बल्हारा ने कहा कि “जाट आरक्षण आन्दोलन” फरवरी 2016 की हिंसा जाट समाज के साथ सरकार द्वारा रची गई बड़ी साजिष थी जिसमें जाट समाज को बदनाम करने के लिये हिंसा और आगजनी के साथ-साथ 31 लोगों को अपनी जान गवानी पड़ी। इसी दौरान आम जनता व व्यापारिक प्रतिष्ठानों के साथ-2 जनप्रतिनिधियों जैसे गीता भुक्कल (विधायक-झज्जर) व जसवीर देषवाल (विधायक-सफीदो) व वित्तमन्त्री कै. अभिमन्यु के रोहतक स्थित घर पर भी हमला किया गया व आगजनी भी की गई। इस घटना पर पूरे जाट समाज ने एक स्वर में भर्तस्ना व निन्दा की थी। इसके बावजूद वित्तमन्त्री कै. अभिमन्यु के परिवार द्वारा निजि रूप से दर्ज कराये गये नाम दर्ज मुकदमों में अभी भी 20 युवक पिछले 18 महीनों से जेल में बन्द हैं। अन्य केसों में बन्द अधिक्तर युवा जेलों से बाहर आ चुके हैं। इस सम्बन्ध में संघर्ष समिति, खापों व बन्द युवाओं के परिजनों द्वारा उनके बच्चों को निर्दोष साबित करने के बाद भी आज तक किये गये सभी प्रयासों में कै. अभिमन्यु के परिवार से मुकदमें वापिस कराने में जाट समाज को सफलता नही मिली है। जिसके कारण आज भी युवा जेलों में बन्द हैं। अभी भी रोहतक व अन्य जिलों की खापों, संघर्ष समिति व अन्य प्रतिष्ठित लोगों द्वारा इन मुकदमों का हल कराने का प्रयास जारी है। लेकिन कै. अभिमन्यु व उनके परिवार की जिद्द व राजनीतिक बदले की भावना में समाज के युवा जेलों में बन्द हैं, जिसके कारण समाज में भारी रोष है और हम “भाईचारा रैली” के माध्यम से कै. अभिमन्यु व उनके परिवार से निवेदन करते हैं कि इन मामलों को सामाजिक स्तर पर हल करने में अपना व अपने परिवार का सहयोग दें।  इस अवसर पर “भाईचारा रैली” में सभी माँगें पूरी होने तक व भविष्य में जाट समाज के उत्थान के लिये भविष्य की रणनीति पर निम्न प्रस्ताव पारित किये गयेः1. हरियाणा प्रदेष में जाट सहित अन्य 5 जातियों के आरक्षण पर उच्च न्यायालय का फैसला आ चुका है अब यह सरकार की जिम्मेदारी है कि सभी कानूनी प्रक्रिया पूरी कर 2 महीने के अन्दर जाट आरक्षण लागू करे। उच्च न्यायालय के दिये समय से पहले 2 महीने में सभी कानूनी प्रक्रिया पूरी कराये व केन्द्र सरकार भी आने वाले संसद के शीतकालीन सत्र में राष्ट्रीय सामाजिक व शैक्षणिक पिछड़ा वर्ग आयोग संविधान संषोधन विधेयक को पास कराये, अन्यथा जाट समाज अपने हकों के लिये हर कुर्बानी को तैयार है। 2. 19 मार्च 2017 को सरकार के साथ हुऐ समझौते के तहत अभी तक भी युवा जेलों में बन्द हैं व काफी बड़ी संख्या में मुकदमों के सम्बन्ध में सरकार की तरफ से किये गये वायदे पर धीमी कार्यवाही हो रही है। अतः सरकार आने वाले एक महीने में संघर्ष समिति कें साथ हुऐ समझौते को पूर्ण रूप से लागू करे।3. कै॰ अभिमन्यु व उनके परिवार द्वारा दायर मुकदमों में अभी भी 18 से अधिक युवा बन्द हैं। समाज उनसे व उनके परिवार से अपेक्षा करता है कि वह उन युवाओं पर दर्ज मुकदमों को सामाजिक रूप से हल करने में सहयोग दें 4. दीनबन्धु चौ. छोटूराम के सपनों को पूरा करने के लिये गठित “जाट सेवा संघ” द्वारा 26 नवम्बर 2017, दिन रविवार को “दीनबन्धु चौ. छोटूराम प्रतियोगी परीक्षा व कौषल विकास केन्द्र” का भूमि पूजन व आधारषिला रखी जायेगी, जिसमें हरियाणा के सभी राजनीतिक दल, कलाकार, उद्योगपति, खिलाड़ी, अधिकारी, बुद्धिजीवियों, पत्रकारों, षिक्षाविदों, न्यायविदों, वकीलों, डाक्टरों व इन्जीनियर्स, सामाजिक संगठनों व देषभर के सभी राज्यों के 200 से अधिक जिलों में रहनें वाले जाट भाईयों को आमन्त्रित कर जाट समाज, दीनबन्धु चौ. छोटूराम के 1913 से शुरू किये षिक्षा के क्षेत्र में जाट स्कूल/कॉलेजों की जो शुरूआत देषभर में की गई थी उसको आगे बढ़ाने में “जाट सेवा संघ” उसी तरह से देषभर में समाज की प्रतिभाओं को षिक्षा, नौकरियों में भागीदारी, खेलों, व्यापार व अन्य प्रोफेषनल क्षेत्रों में आने वाली पीढि़यों को तैयार करेगा और देषभर में समाज को अराजनीतिक रूप से संगठित कर भविष्य में आने वाली सामाजिक, शैक्षणिक व आर्थिक विकास के लिये तैयार करेगा और जाट समाज के इतिहास व बलिदान को संजोकर रखने का काम करेगा।5. 13 सितम्बर 2017 को प्रत्येक वर्ष की तरह जाट आरक्षण आन्दोलन के प्रथम शहीद सुनील श्यौराण की शहादत दिवस पर मय्यड़-हिसार में श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया जायेगा।6. 14 अगस्त 2017 को संघर्ष समिति द्वारा आयोजित कार्यकर्ता सम्मेलन पर हमला करने वाले सूबे सिंह समैण व अन्य व्यक्तियों पर कार्यवाही करते हुऐ जेल भेजे जायें व उसकों संरक्षण देने वाले अधिकारी डीएसपी शमषेर सिंह व एसएचओ प्रदीप को निलम्बित कर जाँच की जाये व हमला कराने में हल्के के स्थानीय विधायक टोहाना सुभाष बराला व अन्य राजनीतिक शरणदाताओं की न्यायिक/सीबीआई से जाँच करायी जाये।7. हरियाणा में भाईचारा तोड़ने, महापुरूषों पर अभद्र टिप्पणी व जातिवाद का जहर घोलने वाले सांसद राजकुमार सैनी का सरकारी संरक्षण बन्द किया जाये और उस पर मुकदमां दर्ज कर कार्यवाही की जाये।इस कार्यक्रम में राष्ट्रीय ओ.बी.सी. सेवा संघ के राष्ट्रीय महासचिव श्री मिथलेष कुमार ने हमेशा जाट समाज की माँगों के पूरा होने तक संघर्ष में साथ रहने का वायदा किया व बामसेफ के हरियाणा प्रभारी श्री सुरेष द्रविड़ ने जाट समाज की सभी माँगों पर हमेषा की तरह आन्दोलन में कन्धे से कन्धा मिलाकर संघर्ष में साथ देने का वचन दिया और अन्य जातियों के प्रमुख लोगों ने अपने विचारों में जाट समाज के साथ मिलकर संघर्ष करने का विष्वास दिलाया।इस अवसर पर प्रदेष के अध्यक्ष श्री सूबे सिंह ढाका ने बोलते हुऐ कहा कि हरियाणा के जाट समाज को 36 बिरादरी व सभी धर्मों के भाईयों का आन्दोलन में भरपूर सर्मथन किया, जिसके लिये हम उन सभी के आभारी हैं और आगे भी हम इस भाईचारे को बनाकर रखेंगे। भाईचारा रैली-झज्जर जिले के संयोजक व जिलाध्यक्ष चौ. जितेन्द्र धनखड़ उर्फ बबला रईया ने कहा कि आन्दोलन के दौरान व भाईचारा रैली में जिले के सभी भाईयों व बहनों का धन्यवाद, जिन्होंने दिन-रात मेहनत कर इस भाईचारा रैली को सफल बनाया व पूरे देष से आये हुऐ संघर्ष समिति के पदाधिकारियों व 36 बिरादरी के लोगों का झज्जर पहुँचने पर आभार प्रकट किया।इस अवसर पर उत्तर प्रदेष के प्रदेष अध्यक्ष श्री मानवेन्द्र वर्मा व उत्तराखण्ड के प्रदेष प्रभारी श्री विक्रम पँवार, दिल्ली के प्रदेष अध्यक्ष मा॰ जय भगवान, महासचिव निषा चौधरी, रोहताष हुड्डा, राष्ट्रीय महासचिव श्री सुमेर सिंह, मध्य प्रदेष से राष्ट्रीय उपाध्यक्ष व प्रभारी श्री लक्ष्मी नारायण गौरा, राजस्थान से राष्ट्रीय महासचिव व प्रभारी राकेष फौजदार व प्रदेष अध्यक्ष चौ. सीताराम तोड़ावत, हिमाचल प्रदेष के प्रभारी स॰ बलतेज इन्द्र सिंह, बिहार से राष्ट्रीय सचिव श्री उत्तम बालियान, पंजाब के प्रदेष अध्यक्ष स॰ करनैल सिंह भावड़ा व राष्ट्रीय महासचिव स॰ कुलदीप गोदारा, गुजरात के राष्ट्रीय महासचिव व प्रभारी एन.डी.चौधरी आदि लोगों ने भाग लेकर अपने-2 विचार रखे और सभी ने कहा कि पूरे देष का जाट समाज संगठित होकर हरियाणा को न्याय दिलाने के साथ-साथ केन्द्र का आरक्षण लेने के लिये हर बलिदान को तैयार है और “जाट सेवा संघ” द्वारा भविष्य में जाट समाज के उत्थान के लिये सभी कार्यों में बढ़कर हिस्सा लेंगे और 26 नवम्बर 2017 को होने वाले भूमिपूजन व षिलान्यास में सभी राज्यों के जाट भाई भाग लेकर एक नया अध्याय जाट समाज के सामाजिक, शैक्षणिक व आर्थिक विकास के लिये शुरूआत करेगा।

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