बुराड़ी गैंगवार में गोली लगने से मौत की शिकार महिला के परिवार को मुख्यमंत्री राहत कोष से दी गई आर्थिक मदद

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बुराड़ी गैंगवार में सड़क किनारे बेकसूर महिला की गोली लगने से मौत हुई थी। पीड़ित परिवार को सरकार की तरफ से दो लाख की आंशिक मदद के बाद अब दिल्ली सरकार मुख्यमंत्री राहत कोष द्वारा महिला के बीमार पति को 5 लाख का चैक स्थानीय विधायक के माध्यम से दिया गया। चेक देते हुए राजधानी की सुरक्षा व्यवस्था पर विधायक संजीव झा ने उठाए सवाल…. इस दौरान संजीव झा के साथ लोकसभा प्रभारी दिलीप पांडेय व निगम पार्षद अजय शर्मा के साथ AAP Youth Wing से अनिल कौशिक भी मौजूद थे

बुराड़ी गैंगवार की मृतक महिला संगीता के परिवार को दिल्ली सरकार की तरफ रविवार को पांच लाख रुपए की मदद का चेक दिया गया…जून महीने में बुराड़ी के संतनगर में गैंगवार में काम पर जाते समय संगीता को गोली लग गई थी… जिस वक्त बुराड़ी के संत नगर में दो गुटों के बीच अंधाधुन्द गोलियां चलाई गई उस वक़्त संगीता अपने काम पर जाने के लिए बस का इंतज़ार कर रही थी तभी उनको गोली लग गयी जिससे उसकी मौत हो गई…

Sant Nagar Delhi 110084

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इस घटना के बाद ही दिल्ली सरकार की तरफ से संगीता के परिवार की हालात को देखते हुए उन्हें दो लाख रुपये की तुंरन्त की सहायता राशि दी गई थी और अब मुख्यमंत्री राहत कोष से पांच लाख चेक और दिया गया जिससे संगीता के बच्चों का गुजर बसर हो सके साथ ही चेक देते हुए आम आदमी पार्टी के विधायक संजीव झा ने दिल्ली में लगातार हो रहे अपराध और बढ़ती हुई गैंगवार की वारदातों को देखते हुए कानून व्यवस्था और लोगों की सुरक्षा पर भी सवाल उठाए…

घर में संगीता अकेली कमाने वाली थी…संगीता के पति काफी समय से बीमार है और वह कोई काम।काज नही कर सकते दो बच्चे भी छोटे है जिनका पालन पोषण का भार संगीता के कंधों पर ही था और उनकी मौत के बाद घर मे कमाने वाला कोई नही बचा .. दिल्ली सरकार द्वारा दी गयी इस मदद से परिवार को आर्थिक सहायता मिलेगी जिसकी उन्हें सख्त जरूरत थी …

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सरकार द्वारा दी गई धनराशि परिवार आर्थिक परेशानियों को तो दूर कर सकती है लेकिन 2 बच्चों की मां को वापस नहीं दिला सकती अपनी बीमारी से जूझ रहे एकमात्र सहारे इस लाचार पति की पत्नी को वापस नहीं ला सकती। इस घटना के बाद कई बार सवाल खड़े हुए कि आखिरकार गैंगवार की बढ़ती हुई वारदात कब रुकेगी। यह सवाल आज भी जस का तस बना हुआ है और राजधानी में अपराध कम होने का नाम नहीं ले रहा है।

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